मेरी नजर में राष्ट्रपति पद के दोनों उम्मीदवार (डायरी 22 जून, 2022)

ख्वाहिशों और ख्वाबों में फर्क होते ही हैं। हालांकि इन दोनों शब्दों का उपयोग लगभग समान तरह के भावों को अभिव्यक्त करने के लिए किया जाता है। लेकिन मैंने अपनी ख्वाहिशों और ख्वाबों को अलग-अलग रखा है। इस क्रम में मैं कभी-कभार अंतर्द्वंद्व का शिकार भी होता हूं और फिर खुद से बहस करता हूं। … Continue reading मेरी नजर में राष्ट्रपति पद के दोनों उम्मीदवार (डायरी 22 जून, 2022)