Saturday, March 14, 2026
Saturday, March 14, 2026




Basic Horizontal Scrolling



पूर्वांचल का चेहरा - पूर्वांचल की आवाज़

होमTagsबुनकर

TAG

बुनकर

बनारसी साड़ी के कारोबार का एक साहित्यिक आकलन

पहले भी बुनकर की ज़िंदगी कर्ज़ से शुरू होती थी और आज भी वही हालात हैं। आज पावरलूम की तेजी है लेकिन एक सामान्य बुनकर के लिए पावरलूम लगवा लेना क्या आसान है। हर पावरलूम वाला बड़े गिरस्ते के कर्ज़ में है और हर दिन वह कर्ज़ चुका रहा है। अगर उसने अपने घर में करघा लगाया है तो जगह का किराया और महंगी बिजली सब कुछ उसके मत्थे है लेकिन साड़ी वह खुले बाज़ार में नहीं बेच सकता। उसे उसी गिरस्ता को साड़ियाँ देनी होंगी जिसने उसे कर्ज़ पर करघा दिया है।

ताज़ा ख़बरें

Bollywood Lifestyle and Entertainment